सर्प विशेषज्ञ ने किया सुरक्षित रेस्क्यू, धामन प्रजाति का निकला सांप; जंगल में छोड़ा गया
जबलपुर। भेड़ाघाट थाना प्रभारी कमलेश चौरिया के शासकीय आवास में शनिवार शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब आंगन में करीब सात फीट लंबा सांप दिखाई दिया। अचानक इतने बड़े सांप को देखकर आवास में मौजूद लोग घबरा गए। कुछ देर तक सांप आंगन में घूमता रहा, जिसके कारण परिवार के सदस्य और आसपास मौजूद पुलिसकर्मी सुरक्षित दूरी बनाकर खड़े रहे।
जानकारी के अनुसार घटना शाम करीब साढ़े छह बजे की है। थाना प्रभारी के शासकीय आवास के आंगन में हलचल होने पर वहां मौजूद लोगों की नजर सांप पर पड़ी। सांप की लंबाई अधिक होने के कारण शुरुआत में लोगों को उसके जहरीले होने की आशंका हुई। इसके बाद तत्काल प्रधान आरक्षक हरिओम बैस को सूचना दी गई।
हरिओम बैस ने बिना देर किए सर्प विशेषज्ञ गजेन्द्र दुबे से संपर्क किया। सूचना मिलते ही गजेन्द्र दुबे आवश्यक रेस्क्यू उपकरण लेकर मौके पर पहुंचे। उन्होंने पहले सांप की गतिविधियों पर नजर रखी और आसपास मौजूद लोगों को सुरक्षित दूरी पर रहने की सलाह दी। इसके बाद सावधानीपूर्वक रेस्क्यू अभियान शुरू किया गया।
कुछ देर की मशक्कत के बाद सर्प विशेषज्ञ ने सांप को सुरक्षित पकड़ लिया। सांप के पकड़े जाने तक वहां मौजूद लोगों में भय और उत्सुकता का माहौल बना रहा। रेस्क्यू पूरा होते ही सभी ने राहत की सांस ली।
सर्प विशेषज्ञ गजेन्द्र दुबे ने बताया कि पकड़ा गया सांप धामन प्रजाति का है। यह सांप जहरीला नहीं होता और आमतौर पर इंसानों पर हमला नहीं करता। धामन मुख्य रूप से चूहों, छोटे जीवों और अन्य शिकार पर निर्भर रहता है। खेतों और रिहायशी क्षेत्रों के आसपास इसका दिखाई देना सामान्य माना जाता है।
विशेषज्ञों के अनुसार धामन सांप देखने में लंबा और तेज गति वाला होता है, इसलिए लोग अक्सर उसे जहरीला समझकर डर जाते हैं। जबकि पर्यावरणीय संतुलन बनाए रखने में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। यह खेतों और घरों के आसपास चूहों की संख्या को नियंत्रित करने में मदद करता है।
सांप को सुरक्षित पकड़ने के बाद आबादी से दूर जंगल क्षेत्र में छोड़ दिया गया। पूरे रेस्क्यू के दौरान इस बात का ध्यान रखा गया कि सांप और वहां मौजूद किसी व्यक्ति को कोई नुकसान न पहुंचे।
घटना के बाद सर्प विशेषज्ञ ने लोगों से अपील की कि घर या परिसर में सांप दिखाई देने पर उसे छेड़ने या मारने का प्रयास न करें। घबराकर सांप के नजदीक जाने से दुर्घटना हो सकती है। ऐसी स्थिति में तुरंत वन विभाग, नगर निगम की रेस्क्यू टीम या किसी प्रशिक्षित सर्प विशेषज्ञ को सूचना देनी चाहिए।
समय पर सूचना और विशेषज्ञ की तत्परता के चलते एक बड़ा हादसा टल गया। सांप के सुरक्षित रेस्क्यू के बाद थाना प्रभारी के परिवार, पुलिसकर्मियों और आसपास के नागरिकों ने राहत महसूस की।
