जबलपुर। गोरखपुर थाना क्षेत्र में आने वाली रतन नगर कॉलोनी में शनिवार देर रात हुई सनसनीखेज बमबाजी की वारदात को सुलझाने में पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और मुखबिरों से मिली सटीक सूचना के आधार पर त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए आरोपियों में से एक नाबालिग है, जबकि दूसरे की पहचान आर्यन चौधरी के रूप में हुई है। हालांकि, वारदात का मुख्य सूत्रधार अरमान अब भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
आधी रात को बमों के धमाकों से दहला इलाका
प्राप्त जानकारी के अनुसार, शनिवार की देर रात अज्ञात नकाबपोश बदमाशों ने रतन नगर कॉलोनी स्थित नामचीन शराब कारोबारी आशीष शिवहरे के निवास को निशाना बनाया। बदमाशों ने उनके घर के बाहर ताबड़तोड़ एक के बाद एक करीब पांच देसी बम फेंके। आधी रात को हुए इन जोरदार धमाकों से पूरी कॉलोनी गूंज उठी और क्षेत्र में दहशत का माहौल बन गया। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।
सीसीटीवी फुटेज से पुलिस को मिले सुराग
घटना की सूचना मिलते ही गोरखपुर थाना पुलिस बल के साथ वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना किया, जहां से उन्हें एक जिंदा देसी बम भी बरामद हुआ, जिसे तत्काल सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय किया गया। पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ाते हुए आसपास के क्षेत्रों में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालना शुरू किया। फुटेज में संदिग्धों की गतिविधि दिखने और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने तीन आरोपियों को नामजद किया।
घेराबंदी कर दो को दबोचा, मुख्य आरोपी की तलाश में दबिश
पुलिस की विशेष टीमों ने तत्काल दबिश देकर दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में आरोपियों ने शराब कारोबारी के घर बम फेंकने की बात स्वीकार की है। पकड़े गए आरोपियों में से १९ वर्षीय आर्यन चौधरी दीनदयाल क्षेत्र के ग्रीन सिटी इलाके का रहने वाला बताया जा रहा है, वहीं उसका दूसरा साथी नाबालिग है।
गोरखपुर पुलिस के अनुसार, इस पूरी वारदात में शामिल तीसरा और मुख्य आरोपी अरमान अभी भी फरार है। पुलिस की अलग-अलग टीमें अरमान की गिरफ्तारी के लिए उसके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही हैं। पुलिस अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही मुख्य आरोपी को भी सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा और वारदात के पीछे की मुख्य वजह का खुलासा होगा।
